मैं झरना हूं …
देख मुझे खिलखिला उठी, गट्ठर फेंका, अंजुरी बांधी, प्रेम पगी दृष्टि साधी, फिर ओंठों से मेरा पान किया, चन्द्र चकोरी मुख स्नान किया, वह सींच रही थी खुद को...
देख मुझे खिलखिला उठी, गट्ठर फेंका, अंजुरी बांधी, प्रेम पगी दृष्टि साधी, फिर ओंठों से मेरा पान किया, चन्द्र चकोरी मुख स्नान किया, वह सींच रही थी खुद को...
वी वी आई पी नाम कय, न राजा न रानी, अरे मोर दइया, कहा पांडे़ बप्पा, कब तक चले ई हमार नादानी ? अमेठी कय पानी,...
" सिर्फ पाइप बिछाकर, हर घर में नल लगाकर और पानी की बड़ी-बड़ी टंकियां बनाकर हम सभी के लिए स्वच्छ और सुचारू जलापूर्ति सुनिश्चित...
पानीदार प्रेरणा और परंपरागत समझ के लिए प्रसिद्ध रहे लेखक स्वर्गीय श्री अनुपम मिश्र जी की एक बेहद चर्चित पुस्तक है – आज भी...
हम सभी जानते हैं कि पानी के बिना ज़िन्दगी संभव नहीं | दुनिया की आबादी को साफ़ स्वच्छ पानी मुहैया कराने के लिए बहुत...
हाय, समय यह कैसा आया मोल बिका कुदरत का पानी। विज्ञान चन्द्रमा पर जा पहुंचा धरा पर प्यासे पशु-नर-नारी। यह न्यू इंडिया है...
कहते हैं, इन दिनों धरती बेहद उदास है। इसके रंजो-ग़म के कारण कुछ ख़ास हैं।
जो मरता था मार्च में, अब अक्तूबर में मरता है। यह बांदा का किसान है, नये भारत का निशान है। यह न्यू इण्डिया है...
मौसम की चुनौती घर खेत खा रही, मधुमक्खियां भी गांव छोड़ शहर को हैं जा रही। यह न्यू इण्डिया है....
बाढ़ के कारणों पर चर्चा के शुरु में ही एक बात साफ कर देनी जरूरी है कि बाढ़ हमेेशा बुरी नहीं होती; बुरी होती है एक सीमा...